उन्होंने गौरव से कहकर गाड़ी साइड लगवाई और ट्रैफिककर्मी के व्यवहार पर नाराजगी जताई। लेकिन, उसने चालान और गाड़ी सीज करने की धमकी देते हुए फोटो खींचना शुरू कर दिया। उसी वक्त गौरव को चक्कर आया और वह गिरकर बेहोश हो गया। उसे गिरते देख ट्रैफिक पुलिसकर्मी वहां से गायब हो गया।
एक राहगीर ने आकर उनकी मदद की और उनकी कार की स्टेयरिंग संभाली। इसके बाद वे गौरव को लेकर फोर्टिस अस्पताल पहुंचे। वहां पर डॉक्टरों ने कार के अंदर ही गौरव को देखकर भर्ती करने से इनकार कर दिया और उसे कहीं ओर ले जाने के लिए कहा। इसके बाद वे उसे लेकर कैलाश अस्पताल पहुंचे, जहां पर 10- 20 मिनट चेक अप के बाद उसे मृत घोषित कर दिया गया। उन्होंने पीएम और सीएम से इस मामले में इंसाफ दिलवाने की मांग की है।



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