यहां एक संवाददाता सम्मेलन में नाइक ने कहा कि जीएफपी अध्यक्ष व पूर्व उप मुख्यमंत्री विजय सरदेसाई को पर्रिकर की विरासत पर दावा करने का कोई अधिकार नहीं है, क्योंकि उन्होंने अतीत में रक्षा मंत्री को 'दलाल' व 'हिटलर' कहा है।
नाइक ने कहा, "पर्रिकर समाधि के प्रस्तावित स्थल का दुरुपयोग कर व वहां चिकन व मटन खाकर इन नेताओं व उनके कार्यकर्ताओं ने परिसर को अपवित्र किया है। एक समाधि स्थल की शुचिता होती है। लोग दिवंगत आत्मा के लिए स्थल पर प्रार्थना करते हैं। पर्रिकर हमारे प्रभावशाली नेता व गुरु थे।"
भाजपा प्रवक्ता शनिवार को जीएफपी द्वारा समाधि स्थल पर आयोजित एक विरोध प्रदर्शन का जिक्र कर रहे थे। इसके घंटे भर बाद चार कैबिनेट मंत्रियों को मुख्यमंत्री सावंत ने बर्खास्त कर दिया। इन चार में से तीन जीएफपी से थे।

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