1. वजन कम करके
कभी-कभार गले में चर्बी के बढ़ने से भी खर्राटे आते हैं। क्योंकि इससे गले के ज़रिए शरीर में जाने वाली हवा गले के टिशू में कंपन पैदा करती है।
2. शराब ना पीकर
कई लोगों को शराब की वजह से भी खर्राटे आते हैं। इसीलिए सोने के दो से तीन घंटों पहले शराब ना पीएं।
3. समय पर नींद लेकर
बेवक्त सोने वाले लोगों में भी खर्राटे लेने की समस्या होती है। इसीलिए रोज़ाना सही वक्त और 7 से 8 घंटों की नींद लेनी चाहिए।
4. दमा और सर्दी ठीक करके
अस्थमा और सर्दी से परेशान लोगों को भी खर्राटे की परेशानी होती है, क्योंकि उनकी स्वास नली संकरी हो जाती है जिससे गले से आवाज़ें आती हैं।
5. स्वस्थ लाइफस्टाइल अपनाकर
खराब डेली लाइफ की वजह से भी खर्राटों की परेशानी होती है। बेवक्त खाना-पीना, ठीक से आराम ना करना, सिगरेट आदि भी खर्राटों की वजह बनते हैं।



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