इसके अलावा अपने साथ राहु और केतु से जुड़े दोष भी साथ ले जाते हैं।यदि आपकी कुंडली में शनि से जुड़ा कोई दोष है तो मंदिर में जा कर वहां के प्रवेश द्वार के बाहर चमड़े के जूते उतार कर आ जाएं, ध्यान रखें ये किसी को बताना नहीं है और ना ही इसे पलट कर देखना है। अगर मंदिर के बाहर से जूते या चप्पल होते हैं तो इसका गम ना करें बल्कि ये आपके लिए शुभ संकेत हो सकते हैं।
यदि ऐसा शनिवार के दिन होता है तो इससे आपको शनि दोष से राहत मिल सकती है। वहीं फाटे जूतों का इस्तेमाल न करें, ये आपके भविष्य में नौकरी से जुड़ी बातों में बढ़ा बन सकते हैं।घर के मुख्य दरवाज़े पर कभी जूते चप्पल ना उतारें और ना ही अतिथियों को ऐसा करने दें। ऐसा करने से आपके जीवन की सुख समृद्धि चली जाती है।चप्पल को एक व्यवस्थित ढंग से, हमेशा पश्चिम दिशा की ओर ही रखें। इन्हें कभी ईशान कोण या उत्तर-पूर्वी में न रखें।
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