अक्सर कुछ लोग कहते हैं कि काली जीभ वाला व्यक्ति अशुभ होता है और उसकी कही हुई बात सच हो जाती है। भारत जैसे देश में काली जीभ वाले व्यक्ति को भला बुरा कहा जाता है।
लेकिन सच बताएं तो काली जुबान का अपशकुन से कोई लेना देना नहीं। यह एक बीमारी है जो दुनिया में केवल 13 फीसदी लोगों को होती है। आइए जानते हैं काली जुबान और उसकी बीमारी के बारे में। डाक्टरों की मानें तो जीभ का काला होना सेहत से जुड़ी एक समस्या होती है। हाल ही में न्यू इंगलैंड जरनल ऑफ मेडिसिन में छपी एक रिसर्च में केस स्टडी के दौरान यह खुलासा हुआ।
इस स्टडी के दौरान डॉक्टरों ने 55 साल की एक महिला में इस समस्या की पहचान की। महिला को शिकायत थी कि उसे मितली जैसा महसूस होता रहता है और इतना ही नहीं उसके मुंह के स्वाद में भी फर्क आया है। महिला की जुबान काली दिख रही थी और बालों जैसा कुछ जीभ पर दिख रहा था। दरअसल काले बालों वाली जुबान को इंग्लिश में lingua villosa nigra कहते हैं। यह बीमारी दर्दरहित और टेम्परेरी होती है। हालांकि इसका समय के साथ इलाज हो सकता है।
जीभ काली होने के पीछे कुछ आम सी वजहें हो सकती हैं। यह अक्सर मुंह की सफाई के प्रति बेपरवाह बरतने से होता है। आमतौर पर काली और बालों वाली जीभ धूम्रपान, बहुत ज्यादा कॉफी पीने और दांतों की साफ-सफाई की कमी का नतीजा हो सकता है। वो लोग जो तंबाकू औऱ सिगरेट का ज्यादा सेवन करते हैं, उन्हें भी काली जुबान की समस्या हो सकती है।
एक टिप्पणी भेजें