फेसबुक और ट्विटर पर एक ग्राफिक शेयर किया जा रहा है, जिसपर लिखा है- ‘School की किताबों पर Tax लगाने वाला पहला देश बना भारत’।
भारत सरकार की तरफ से प्रेस इंफॉर्मेशन ब्यूरो ने स्पष्टीकरण जारी किया है। पीआईबी फैक्ट चेक के ट्विटर हैंडल से लिखा गया है- ‘दावा: सोशल मीडिया पर यह दावा किया जा रहा कि केंद्र सरकार ने स्कूली किताबों पर टैक्स लगा दिया है। PIBFactCheck: यह दावा फर्जी है। स्कूली टेक्स्ट बुक्स पर कोई टैक्स नहीं है।’
दावा: सोशल मीडिया पर यह दावा किया जा रहा कि केंद्र सरकार ने स्कूली किताबों पर टैक्स लगा दिया है। #PIBFactCheck: यह दावा फर्जी है। स्कूली टेक्स्ट बुक्स पर कोई टैक्स नहीं है। pic.twitter.com/OsvfgYMOgC— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) September 24, 2020

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